Blog

Kundali me Santan Yog | कुंडली में संतान योग कब होता हैं?

जीवन मे हर शादी शुदा इंसान अपने हाथ में अपनी संतान का वह मुख देखना चाहता है जो उन्हें जिंदगी की हर खुशी का कारण बने, उन्हें माता पिता होने पर गर्व महसूस कर सकें। माता – पिता होना जिंदगी में सबसे अनमोल वक्त होता है। जब कोई आपको अपनी प्यारी सी तोतली आवाज में […]

राम रक्षा स्त्रोत के सरल उपाय – श्रीरामरक्षास्त्रोत

अयोध्या के राजा श्रीराम सभी के दिल मे आदर्श है। उनके द्वारा चलाया गया अयोध्या में राज सिंहासन सभी के लिए एक ऐसा पथ है जिसपे मनुष्य चले तो आम से खास तक सफर तय करले। पिता जी के आदेश को मानकर 14 साल वनवास करना हो या सीता माँ को रावण के हाथों से […]

Ekadashi kab hai 2020 – कब है Ekadashi vrat

Ekadashi का महत्त्व भारत में हिन्दू धर्म में काफी उच्च स्थान पर रखा जाता है। Ekadashi एक वर्ष में 24 से 26 बार अलग अलग तिथि पर आता है। हिन्दू धर्म अनुसार एक माह में दो पक्ष होते है यानी एक कृष्ण पक्ष तो एक शुक्ल पक्ष। Ekadashi एक संस्क्रत का शब्द है जिसका अर्थ […]

पंच महापुरुष योग – कुंडली में कैसे बनते हैं पंच महापुरुष योग?

कुंडली हमारी जीवन का एक ऐसा अनमोल अध्दयाय जिसमे हमारे आने वाले किरदार का पूरा ब्यौरा जन्म से रख देता है। यह हमारे जन्म तारीख , समय, जगह के मेल जोड़ से बना है , इसे प्रख्यात ज्योतिष ही पढ़ सकता है। कुंडली 12 भागो में बांटी गई है जिसमे 360 अंश होते है। इसमें […]

राहु केतु (Rahu ketu) ग्रहों को शांत करने के सरल उपाय

“आपके कुंडली में राहु केतु का दोष है” यह वाक्य ज्योतिषों द्वारा कुंडली पढ़ते दौरान कहा जाता है। इसमें राहु और केतु दो ऐसे ग्रह हैं जिसका वास कोई भी अपने कुंडली मे लाना नहीं चाहेगा। ज्योतिष इन्हें पापी ग्रह के नाम से परिभाषित करती है। ऐसा माना जाता है की राहु केतु की किसी […]

पादहस्तासन (Uttanasana) की योगविधि और लाभ

योगा भारत मे प्राचीन काल से तकरीबन 5000 वर्ष से राज कर रहा है, अब इसे अंतराष्ट्रीय दर्जा भी प्राप्त है। हर साल 21 जून की तारीख को मनाए जाने वाला यह पर्व लोग अपनी सेहत के लिए बनाते हैं। योगा का अर्थ आत्मा का परमात्मा से मिलन होना। उसी योग में से उतपन्न हुआ […]

मोर पंख:- इसे घर पर रखने के फायदे

मोर जिसे भारत मे पक्षियों के राजा का दर्जा प्राप्त है। इसे भारत मे राष्ट्रीय पक्षी की उपाधि भी दी गई है। घने मेघ जब बरसते हैं तो उसी बीच मदमस्त होकर मोर अपने पंख फैलाकर यूँ नाचता है मानो यह किसी प्रख्यात से नृत्य की कला सीख के आया हो। यह पक्षी गणेश जी […]

शनि जयंती 2020 – कैसे मनाए शनि देव को

ॐ शं शनैश्चराय नमः॥ यह मंत्र का उच्चारण हर शनिवार को शनि देव के मंदिर में तेल चढ़ाते हुए लिया जाता है। शनि देव जो कि सूर्य देव की पत्नी संज्ञा की छाया के गर्भ में जन्मे पुत्र हैं। धर्मग्रंथों के अनुसार शनि देव जब छाया जी के गर्भ में थे तब छाया जी का […]

शिरोधारा (Shirodhara) मानसिक और शारीरिक तनाव से आराम

तनाव से भरपूर मनुष्य न आज में जी पाता है और न ही कल में। तनाव आपके उम्र के साथ बढ़ती रहती है , जितनी बड़ी उम्र उतना बड़ा तनाव। आयुर्वेद में तनाव से मुक्ति और आपको मानसिक सुख के लिए एक प्रक्रिया तकरीबन 5000 वर्षों से उपयोग में ली जा रही है इसी क्रिया […]

स्वस्तिक क्या हैं? इसका महत्व और फायदे क्या हैं?

स्वस्तिक का निशान एक शुभ का प्रतीक है जो नए घर या नई कार पर अपना निशान छोड़ जाता है। इसे सतिया कहा जाता है और बाबा बर्फानी के पुत्र गणेश जी का प्रतीक भी माना गया है। हिन्दू धर्म मे इस चिन्ह के प्रति आस्था ही इसको अलग दर्जा प्राप्त कराता है। पूर्व-पश्चिम-उतर और […]

Begin typing your search term above and press enter to search. Press ESC to cancel.

Back To Top